दुर्ग में जीविका स्व सहायता समूह द्वारा दो दिवसीय निःशुल्क रोजगार उन्मुखी प्रशिक्षण संपन्न, 200 महिलाओं ने लिया भाग

दुर्ग। जीविका स्व सहायता समूह बोरसी के तत्वाधान में दो दिवसीय निशुल्क रोजगार उन्मुखी प्रशिक्षण साहू सदन केलाबाड़ी दुर्ग में रखा गया जिसके प्रथम दिवस के मुख्य अतिथि नन्दलाल साहू अध्यक्ष जिला साहू संघ दुर्ग, कार्यक्रम की अध्यक्षता कौशल साहू अध्यक्ष भाजपा बोरसी कसारीडीह मण्डल, विशेष अतिथि यतीश साहू समन्वयक जिला साहू संघ दुर्ग, डॉ भारती साहू, डॉ मानसी गुलाटी एवं पावन आगमन में प्रीतम सिन्हा अध्यक्ष छत्तीसगढ़िया वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ दुर्ग, अमन यदु, सत्यम भवानी, दीना सोनी अध्यक्ष सीबीएन ग्रुप, अभिषेक सपन शिल्पकार, नरोत्तम साहू शिक्षक की उपस्थिति रही।
प्रशिक्षण में प्रथम दिवस मिलेट्स और मोमबत्ती प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया जिनके प्रशिक्षक क्रमशः हेमलता देशमुख व पुष्पा साहू थी। प्रशिक्षण के द्वितीय दिवस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रजनी विजय बघेल समाजसेवी, कार्यक्रम कि अध्यक्षता पायल जैन अध्यक्ष कैट दुर्ग, विशेष अतिथि योगेश सोनकर अध्यक्ष दुर्ग साथी बाजार, अजय चौधरी संयोजक अधिकारी कर्मचारी प्रकोष्ठ जिला साहू संघ दुर्ग रहे।
द्वितीय दिवस के प्रशिक्षण में ऑफिस फ़ाइल, कोबरा फ़ाइल निर्माण तथा मशरूम उत्पादन के लिए प्रशिक्षण दिया गया। जिनके प्रशिक्षक तारामती साहू एवं खुशबू गजपाल थी। अतिथियों द्वारा कार्यक्रम में महिलाओं को स्व प्रेरित होकर प्रशिक्षण उपरांत स्वावलंबन के लिए प्रेरित किया गया, मिलेट्स व मशरूम के पौष्टीक गुणों को बताते हुए रोजगार के अवसर पर ध्यानाकृष्ट कराया गया।
जीविका स्व सहायता समूह बोरसी की अध्यक्ष ललेश्वरी साहू ने बताया कि लगभग 200 महिलाओं को हमारी संस्था के माध्यम से दो दिवसीय प्रशिक्षण, कुशल प्रशिक्षकों के माध्यम से दिया गया। कार्यक्रम के दौरान ‘वन नेशन वन इलेक्शन’ के बारे में सारगर्भित चर्चा करते हुए सहमति में नारे लगाए गए। इस कार्यक्रम में जिले भर के महिला स्व सहायता समूह कि बहनें, एवं युवा बेटियों के साथ साथ सीआरपी दीदीयों कि सहभागिता रही।
कार्यक्रम को सफल बनाने में सविता साहू, देवकी टंडन, चंचल साहू, आरती यादव,आशा साहू, चेमिन साहू, सीमा साहू, प्रमिला साहू, रेखा साहू सोहद्रा गन्धर्व, निकिता, रानी साहू, दमयंती साहू, गुनेश्वरी साहू, पंकज चतुर्वेदी, देवेंद्र साहू, राजा सहित जीविका स्व सहायता समूह कि बहनों का सहयोग मिला।














